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February 14, 2008

दो उद्योगपति तोड़ रहे हैं रिलायंस पावर !

anil ambani रिलायंस पावर लिमिटेड ने लिस्टिंग के साथ जिस तरह लाखों निवेशकों के सपनों पर पानी फेरा उसने कई बातों को जन्‍म दे दिया। दलाल स्‍ट्रीट में चल रही चर्चा पर भरोसा करें तो देश के एक बड़े औद्योगिक घराने और लंदन स्थित एक भारतीय उद्योगपति ने मिलकर अनिल अंबानी की इस कंपनी के शेयर को ढ़ेर किया है।

ये दोनों उद्योगपति कतई नहीं चाहते थे कि रिलायंस पावर ऊंचे भाव पर लिस्‍ट हो और अनिल अंबानी दुनिया के टॉप अमीर बन जाएं। अब जो ताजा चर्चा है उसके मुताबिक आने वाले दिनों में अनिल अंबानी की दूसरी कंपनियों के शेयरों को भी तोड़ा जाएगा। हालांकि, पिछले दिनों अनिल अंबानी की दूसरी कंपनियों मसलन रिलायंस एनर्जी, रिलायंस कैपिटल, आरएनआरएल आदि बुरी तरह घटे हैं।

कहा जा रहा है कि अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ लाने के साथ ही अनिल अंबानी कई उद्योगपतियों की आंख की किरकिरी बन गए। इसके अलावा उन्‍होंने जिन मोबाइल कं‍पनियों के साथ स्‍पैक्‍ट्रम के मसले पर लड़ाई लड़ीं वे भी उनके खिलाफ हो गईं। अनिल अंबानी ने रिलायंस पावर के बाद दूसरी कंपनियों के आईपीओ लाने की बात कहकर कुछ उद्योगपतियों की चिंता बढ़ा दी। हालांकि, यह बात सभी जानते हैं कि अनिल अंबानी कच्‍चे खिलाड़ी नहीं है और वक्‍त आने पर वे जवाब देना बखूबी जानते हैं।

3 comments:

Anonymous said...

कमल भाई आपका इशारा कहीं रिलायंस के मालिक मुकेश अंबानी, स्‍टील किंग लक्ष्‍मी मित्‍तल और मोबाइल कंपनी एयरटेल के कर्ताधर्ता सुनील मित्‍तल की ओर तो नहीं है। प्रदीप अग्रवाल, हैदराबाद

आशीष said...

कमल जी आपकी स्‍टोरी कहीं लंदन में रहने वाले लक्ष्‍मी मित्‍तल और अनिल अंबानी के भाई मुकेश अंबानी की ओर तो इशारा नहीं कर रही है, खैर जो भी हो अधिक लालच हमेशा लेकर डूबता है

Jitendra Chaudhary said...

समझदार को इशारे काफी होते है। बिना किसी का नाम लिए इतना ही कहना चाहूंगा कि जो लोग अनिल अंबानी को ठीक से नही जानते सिर्फ़ वही ऐसी हरकत करने की कोशिश करेंगे।

धीरूभाई अंबानी के दोनो बेटो मे फौलाद का जिगर विरासत मे पाया है। किसी भी स्थिति से लड़ने और बाजी को अपनी तरफ़ पलटाने का हौंसला इन दोनो भाइयों मे है। मुकेश मितभाषी, लेकिन एक जबरदस्त प्रोजेक्ट मैनेजर है, किसी भी प्रोजेक्ट को कैसे उसके अंजाम तक पहुँचाना है ये मुकेश से अच्छा कोई नही जानता।

वही अनिल अंबानी के दिमाग की कोई थाह नही ले सकता। मीडिया से अच्छे रिशते रखने वाले अनिल अंबानी की पैसा जुटाने और प्रतिद्वंदियों को चित करने की कला का कोई सानी नही। अनिल मजबूत इरादों वाला इन्सान है, ऐसी कोशिशों से वो और मजबूत होकर और उभर कर सामने आएगा, ऐसा मेरा विश्वास है।

रिलायंस पावर से निवेशकों का विश्वास तो जरुर डगमगाया है लेकिन अभी भी अंबानी ब्रांड मे बहुत दम है।