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रिलायंस पावर के बोनस की रिकॉर्ड डेट 2 जून

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रिलायंस पावर का शेयर बॉम्‍बे स्‍टॉक एक्‍सचेंज में 25 अप्रैल को 400 रुपए के पार बंद हुआ। रिलायंस पावर इससे पहले 400 रुपए के पार 3 मार्च 2008 को गया था। इस दिन कंपनी ने अपने बोनस इश्‍यू की घोषणा की थी। रिलायंस पावर ने कहा है कि उसके सदस्‍यों का रजिस्‍टर 3 जून से 5 जून तक बंद रहेगा और इस दौरान जिनका नाम रजिस्‍टर में होगा, उन्‍हें बोनस शेयर दिए जाएंगे। यानी बोनस के लिए निवेशक का नाम 2 जून को कंपनी के रजिस्‍टर में होना जरुरी है। रिलायंस पावर का शेयर 25 अप्रैल को दिन में ऊपर में 404.65 रुपए तक गया ओर यह 402.15 रुपए पर बंद हुआ। आज इसमें 51.25 लाख शेयरों का कामकाज हुआ। रिलायंस पावर का शेयर 24 मार्च 2008 को 303.45 रुपए तक के निचले स्‍तर पर पहुंच गया था, जो अब 32 फीसदी का सुधार दिखा रहा है। रिलायंस पावर कंपनी के प्रमोटरों को छोड़कर सभी शेयर धारकों को बोनस शेयर जारी करेगी। कंपनी का कहना है कि वह दस रुपए वाले प्रत्‍येक पांच शेयर पर तीन शेयर बोनस के रुप में देगी। इस बोनस शेयर से उन लाखों खुदरा निवेशकों को फायदा होगा जिन्‍हें आईपीओ के तहत रिलायंस पावर के शेयर 430 रुपए प्रति शेयर पर मिले थे। इ

दो उद्योगपति तोड़ रहे हैं रिलायंस पावर !

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रिलायंस पावर लिमिटेड ने लिस्टिंग के साथ जिस तरह लाखों निवेशकों के सपनों पर पानी फेरा उसने कई बातों को जन्‍म दे दिया। दलाल स्‍ट्रीट में चल रही चर्चा पर भरोसा करें तो देश के एक बड़े औद्योगिक घराने और लंदन स्थित एक भारतीय उद्योगपति ने मिलकर अनिल अंबानी की इस कंपनी के शेयर को ढ़ेर किया है। ये दोनों उद्योगपति कतई नहीं चाहते थे कि रिलायंस पावर ऊंचे भाव पर लिस्‍ट हो और अनिल अंबानी दुनिया के टॉप अमीर बन जाएं। अब जो ताजा चर्चा है उसके मुताबिक आने वाले दिनों में अनिल अंबानी की दूसरी कंपनियों के शेयरों को भी तोड़ा जाएगा। हालांकि, पिछले दिनों अनिल अंबानी की दूसरी कंपनियों मसलन रिलायंस एनर्जी, रिलायंस कैपिटल, आरएनआरएल आदि बुरी तरह घटे हैं। कहा जा रहा है कि अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ लाने के साथ ही अनिल अंबानी कई उद्योगपतियों की आंख की किरकिरी बन गए। इसके अलावा उन्‍होंने जिन मोबाइल कं‍पनियों के साथ स्‍पैक्‍ट्रम के मसले पर लड़ाई लड़ीं वे भी उनके खिलाफ हो गईं। अनिल अंबानी ने रिलायंस पावर के बाद दूसरी कंपनियों के आईपीओ लाने की बात कहकर कुछ उद्योगपतियों की चिंता बढ़ा दी। हालांकि, यह बात सभी जानते हैं

रेटिंग कंपनियों ने लगवाया चूना !

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शेयर बाजार की ताजा तगड़ी गिरावट के कारण कुछ भी रहे हो लेकिन एक सवाल सभी के सामने है कि पब्लिक इश्‍यू यानी आईपीओ को रेटिंग देने वाली रेटिंग कंपनियों की भूमिका पर कड़ी नजर रखी जाना जरुरी है। जब से रेटिंग कंपनियों को आईपीओ की रेटिंग करने को कहा गया है वे ज्‍यादातर कंपनियों को बढि़या रेटिंग दे रही हैं लेकिन लिस्टिंग और चलते इश्‍यू के समय इनके फेल हो जाने से रेटिंग कंपनियों की भूमिका भी शंका के घेरे में आ गई हैं। हालांकि, रेटिंग कंपनियां उनकी रेटिंग की गई कंपनियों के शेयरों के दाम प्राइस बैंड से नीचे जाने के अनेक कारण गिनवा देंगी और अपनी खाल बचाने में कामयाब हो जाएंगी। लेकिन इनसे यह तो पूछा जाना चाहिए कि जब आपने रिलायंस पावर को बढि़या रेटिंग दी तो क्‍या आपने ऐसी दूसरी पावर कंपनियों को ध्‍यान में रखा था जो देश या विदेश में शानदार कार्य कर रही हैं। एनटीपीसी देश की सबसे बढि़या बिजली उत्‍पादक कंपनी है। इसके शेयर का दाम आज तक तीन सौ रुपए को पार नहीं कर सका, लेकिन केवल कागजों पर मौजूद रिलायंस पावर का प्राइस बैंड 450 रुपए को इन रेटिंग कंपनियों ने उचित बताया। रिलायंस पावर की तो किस्‍मत अच्‍छी थी

रिलायंस पावर पर नजर !

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भारतीय शेयर बाजार के लिए अगले सप्‍ताह का पहला सोमवार यानी 11 फरवरी 2008 खास होगा। शेयर बाजार ज्‍योंहि सुबह 9 बजकर 55 मिनट पर खुलेगा, सभी की नजरें इस पर लगी होंगी कि अनिल अंबानी समूह की कंपनी रिलायंस पावर की लिस्टिंग किस भाव पर होती है। रिलायंस पावर का जब पब्लिक इश्‍यू खुला हुआ था तब इसके हर शेयर का प्रीमियम 400 से 450 रुपए बोला जा रहा था। लेकिन, पब्लिक इश्‍यू बंद होने के बाद शेयर बाजार को जोरदार ग्रहण लगा और आज यह प्रीमियम घटकर 125 से 150 रुपए तक सिमट कर रह गया है। शेयर बाजार विश्‍लेषक कहते हैं कि हमें अब रिलायंस पावर के 125 से 150 रुपए प्रीमियम पर लिस्‍ट होने के आसार दिख रहे हैं और हर निवेशक को इसका लाभ उठाते हुए मुनाफा वसूली कर लेनी चाहिए। शेयर बाजार की स्थिति में खास सुधार नहीं होता और रिलायंस पावर का शेयर यदि 450 रुपए से नीचे जाता है तो इसे फिर से खरीदा जा सकता है। लेकिन पहला काम मुनाफा वसूली का होना चाहिए। के आर चौकसी सिक्‍युरिटीज के आर एस अय्यर का कहना है कि रिलायंस पावर के 450 से 500 रुपए के आसपास लिस्टिंग होने की संभावना है। यह संभावना शेयर बाजार की खराब मूड और कम वोल्‍

रिलायंस पावर की लिस्टिंग ट्रिगर होगी शेयर बाजार के लिए

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अनिल धीरुभाई अंबानी समूह की कंपनी रिलायंस पावर लिमिटेड की लिस्टिंग घरेलू शेयर बाजार के लिए शार्ट टर्म में अहम ट्रिकर साबित होगी। इस कंपनी की लिस्टिंग संभवत: 11 फरवरी को होगी। यह इश्‍यू 11560 करोड़ रुपए का रहा। भारतीय शेयर बाजार में 1 फरवरी के बाद आज पहले कारोबारी दिवस पर भी खासा सुधार देखने को मिला और बीएसई सूचकांक 18660 अंक पर बंद हुआ। हालांकि, इस सुधार के बावजूद रिलायंस पावर से रिफंड आने वाले एक लाख करोड़ रुपए बाजार में आने की संभावना कम है। छोटे निवेशकों का मूड इस समय नया पैसा बाजार में लगाने का बिल्‍कुल दिखाई नहीं दे रहा, जब तक कि वे जहां फंसे हुए हैं, वहां से निकल नहीं जाते। हालांकि, भारतीय म्‍युच्‍यूअल फंड और बीमा कंपनियों के पास काफी पैसा है और नया पैसा भी आ रहा है। असल में इन कंपनियों को दिसंबर से मार्च के दौरान टैक्‍स सेविंग में होने वाले निवेश के तहत नया पैसा मिलता है। यदि यह पैसा शेयर बाजार में आता है तो बेहतर सुधार हो सकता है। शेयर बाजार में अगले सुधार के टिकने और मिडकैप व स्‍मॉल कैप कंपनियों के शेयरों में बढ़ोतरी से ही छोटे निवेशकों का बाजार के प्रति भरोसा लौट सकता है। वा

मास साइक्‍लोजी का गेम है यह पावर

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रिलायंस पावर लिमिटेड के पब्लिक इश्‍यू को खुलते ही जो 11 गुना ओवरसब्‍सक्राइब्‍ड का प्रतिसाद मिला वह असल में रिटेल निवेशकों से अधिक संस्‍थागत निवेशकों की देन है जिन्‍होंने काफी पहले ही यह तैयारी कर रखी थी कि ज्‍योंहि यह इश्‍यू खुलेगा, आवेदन जमा हो जाना चाहिए। आपका आवेदन पहले जमा हो या बाद में उससे कोई फर्क नहीं पड़ता। यहां ऐसा नहीं है कि पहले आओ और पहले पाओ। असल में जब इस इश्‍यू में जमकर पैसा आने की खबर बाजार में फैली तो आम निवेशक भी पावर ऑन, इ‍ंडिया ऑन के जोश में आ गया और लोग अपने बेहतर स्‍टॉक बेचकर इस आईपीओ के लिए पैसे की जुगत में लग गए। यही वजह रही कि कल शेयर बाजार ने विपरीत दिशा में रुख किया, वह इस समय तक कायम है। पूरा शेयर बाजार लाल॥लाल दिखाई दे रहा है। बढ़ने वाले शेयरों को ढूंढा जा रहा है कि कौनसे शेयर बढ़े हैं। रिलायंस पावर का आईपीओ तो निवेशकों की शेयर बिकवाली और यहां हुए निवेश से ऑन हो गया लेकिन शेयर बाजार खुद ऑफ हो गया। रिलायंस पावर में यह तय है कि किसी भी आम निवेशक को इतनी बड़ी संख्‍या में शेयर नहीं मिलेंगे कि उनकी माली हालत 20 से 25 दिन में पूरी तरह बदल जाएगी। रिलायंस पावर के